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Thursday, 11 February 2021

Makar Sankranti - Mahakhumbh Snan

मकर संक्रान्ति पर आज सुबह तीन बजे से हर की पौड़ी, हरिद्वार में श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़।


कुंभ का प्रथम स्नान करने के लिये कड़ाके की ठंड भी नहीं रोक पाई।

कुमाऊं और गढ़वाल से ढोल दमाऊं के साथ देव डोलियों को भी कराया गया स्नान। कोरोना पर भारी पड़ी आस्था।

Migratory Birds on banks of Maa Ganga

मां गंगा का तट प्रवासियों को भी है पसंद। हर साल हजारों किलोमीटर का तय करते हैं रास्ता और 6 महीने रहते हैं गंगा किनारे। हरिद्वार है इनका पसंदीदा डेरा।

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Maa Ganga Darshan - Haridwar

आज सुबह अपर रोड, हरिद्वार में बाइक पर बनाया गया, गंगा जी का वीडियो। 14 डिग्री सेल्सियस तापमान की ठंडी़ हवा में मां गंगा का नजारा अद्भुत आनन्द दे रहा था।

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Tuesday, 14 July 2020

Haridwar - Maa Ganga Ji

धर्मनगरी हरिद्वार हिन्दूओं का प्रसिद्ध तीर्थस्थल। ना #Corona का भय ना ही रोजगार की चिन्ता। आखिर क्यों माना जाता है इसे मनुष्य जीवन का अन्तिम पड़ाव? कैसे मिलती है मां गंगा के किनारे शांति?


जानिये- संस्कार निर्माण के इस लेख से:

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Saturday, 21 July 2018

Milk & Sharbat distribution at Ganga Kinare - Haridwar

Devotees distributing milk & rose sharbat on the occasion of Nirjala Ekadashi, in Haridwar without eating and drinking anything.

#InimitableWelfareActivities by the devotees of Saint Shri Asharamji Bapu show their unwavering faith in Gurudev Pujya #Bapuji

Friday, 2 June 2017

गंगा दशहरा - 3 जून 2017

दशहरा "दश" अर्थात् दस "हरा" अर्थात् "हरने वाला"। तीन शारीरिक, चार वाचिक व तीन मानसिक पापों को हरने वाले गंगा दशहरे के दिन गंगा स्नान अवश्य करना चाहिये। भविष्य पुराण में लिखा है कि जो मनुष्य गंगा दशहरा के दिन गंगाजी में खड़े होकर दस बार "ॐ नमो भगवते ऎं ह्रीं श्रीं हिलि हिलि मिलि मिलि गंगे मां पावय पावय स्वाहा" अर्थात् "गंगा दशहरा स्त्रोत" का पाठ करता है, चाहे वह दरिद्र हो या असमर्थ हो वह भी माँ गंगा की पूजा के पूर्ण फल को पाता है। इस दिन गंगा स्नान, अन्न-वस्त्रादि का दान, जप-तप, उपासना और उपवास किया जाता है।

यदि कोई मनुष्य गंगाजी तक जाने में असमर्थ है तो वह अपने घर के पास ही किसी नदी या तालाब में माँ गंगा का ध्यान करते हुए स्नान कर ले अथवा घर में ही पानी में गंगाजल डाल ले व गंगाजी का ध्यान करते हुए षोडशोपचार से पूजन कर निम्न मंत्र पढे :-
"ॐ नम: शिवायै नारायणायै दशहरायै गंगायै नम:"

पूज्य बापूजी बता रहे हैं कि किस प्रकार इस दिन गंगा स्नान करने से दस प्रकार के पाप निवृत हो जाते हैं 

Thursday, 15 January 2015