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Saturday, 26 June 2021

वटसावित्री पूर्णिमा

आज वटसावित्री पूर्णिमा के अवसर पर संतश्री आशारामजी बापू आश्रम, हरिद्वार में साध्वी रेखा दीदी के सत्संग का आयोजन किया गया । पूज्य बापूजी के संस्मरणों के साथ ही, भजनानंदी साधकों के अनुभवों का लाभ भी सभी को मिला । 

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Friday, 18 June 2021

गंगा दशहरा - 20 जून

गंगा पापं शशि तापं दैन्यम् कल्पतरुस्तथा ।

पापं तापं च दैन्यम् च हन्ति साधु समागमः ।।

शास्त्रों में संगति की महिमा बताते हुए कहा गया है कि गंगा स्नान से पाप, चन्द्रमा के दर्शन से ताप (गर्मी) एवं कल्पवृक्ष का दर्शन दरिद्रता को दूर करता है परन्तु संतजनों की संगति से पाप, ताप और दरिद्रता तीनों ही दूर हो जाते हैं ।

किसी संत से एक व्यक्ति ने प्रश्न किया कि भगवान कृष्ण सदैव मुस्कुराते क्यों रहते थे । उन्होंने बहुत ही सुंदर उत्तर दिया । संतश्री ने कहा क्योंकि वह निर्देशक थे । उन्हें सदैव यह पता रहता था कि आगे क्या होने वाला है । पूरी फिल्म ही उनके द्वारा निर्देशित की हुई थी । इसलिए उन्हें कुछ प्रतिक्रिया देने की आवश्यकता नहीं पड़ती थी।

महाभारत के युद्ध में भगवान श्रीकृष्ण ना तो कौरवों के पक्ष में थे और ना ही पांडवों के। भगवान तो थे केवल धर्म के पक्ष में। उनका अवतरण ही धर्म की स्थापना और अधर्म के विनाश के लिए होता है। भगवान ने तो बहुत प्रयास किया कि युद्ध ना हो, उन्हें भारी विनाश दिखाई दे रहा था, इसीलिए वह कौरवों के पास शांति प्रस्ताव लेकर गए परंतु उन्होंने उसे अस्वीकार कर दिया । आज के परिप्रेक्ष्य में भी यह बात बिलकुल सटीक बैठती है । इस समय भी जो महाभारत चल रही है, वो वास्तव में धर्म व अधर्म का ही युद्ध है । इसका स्वरूप जरूर बदला हुआ है क्योंकि युग अलग है ।

इस महाभारत में सद्गुरू रूपी भगवान जानते हैं कि जो कुछ भी चल रहा है इसका परिणाम क्या है । जैसे पांडव व कौरव दोनों ही भगवान के लिए बराबर थे, उसी तरह सद्गुरू के लिए भी सब बराबर हैं । फर्क है तो सिर्फ अपने कर्मों का । पांडव भगवान के अनुसार चले तो बचे रहे परंतु कौरव विपरीत चले और विनाश को प्राप्त हुए । इतिहास अपने आप को दोहरा रहा है । भगवान का तो अर्थ ही है धर्म । अंततः जीत धर्म की ही होनी है, अधर्म चाहे कितना भी जोर लगा ले ।


Thursday, 11 February 2021

Migratory Birds on banks of Maa Ganga

मां गंगा का तट प्रवासियों को भी है पसंद। हर साल हजारों किलोमीटर का तय करते हैं रास्ता और 6 महीने रहते हैं गंगा किनारे। हरिद्वार है इनका पसंदीदा डेरा।

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Monday, 10 August 2020

Raksha Bandhan News Coverage - Haridwar

 हरिद्वार में कोरोना योद्धाओं (पुलिस) को किया गया सम्मानित। उत्तराखंड पुलिस को भेंट की आयुष किट, तुलसी टॉफी, गौचन्द धूप, मास्क, दस्ताने और कॉफी मग। महिला उत्थान मंडल व सार्थक एनजीओ द्वारा संयुक्त रुप से आयोजित कार्यक्रम की प्रैस रिलीज:

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Raksha Bandhan Celebrations @ AshramHaridwar

कल संतश्री आशारामजी बापू आश्रम, हरिद्वार में श्रावणी पूर्णिमा व रक्षाबंधन पर्व मनाया गया।

पहले पूज्य गुरुदेव की पादुका के साथ आश्रम की परिक्रमा की गई, इसके पश्चात पादुका पूजन हुआ। वीडियो सत्संग,भजन-कीर्तन व भण्डारे का आनन्द लेकर सभी ने रक्षाबंधन पर्व मनाया।

रक्षाबंधन के एक दिन पूर्व साधिका बहनों द्वारा गीता कुटीर पुलिस चौकी व थाना रायवाला में कोरोना योद्धाओं के रूप में, सब-इंस्पेक्टर श्रीप्रेम सिंह नेगी व अन्य पुलिसकर्मियों को सम्मानित कर वैदिक रक्षासूत्र बांधे गये। इस अवसर पर उन्हें आश्रम की पुस्तिका 'ऋषि प्रसाद' भी भेंट की गई।

Sunday, 26 July 2020

Food For Thought - P.P.S.S. Asharamji Bapu

"WE BECOME MISERABLE WHEN WE FORGET OUR TRUE SELF" - Pujya Sant Shri Asharamji Bapu


It is not difficult to attain God or eternal bliss but our desires and the cobweb of impressions created in the mind through our previous experiences make us feel removed from God and bliss, thus we remain oblivious of our own capabilities.


Only desires and lust make us miserable and wretched. They make us fall from our true greatness. The more we feel the want of external things and desires for sense enjoyments, the more we enslave ourselves to nature. And the more we free ourselves from desires, nature become favorable to us.

Saturday, 18 July 2020

20 जुलाई - सोमवती अमावस्या

कोरोना महामारी के कारण दो दिवसीय पूर्ण लॉकडाउन (18 व 19 जुलाई) के चलते उत्तराखंड में बाहरी व्यक्तियों का प्रवेश वर्जित। हरिद्वार में गंगा स्नान पर पूरी तरह से प्रतिबंध परन्तु जप, ध्यान, दान, भजन-कीर्तन व मौन तो हम कर ही सकते हैं।


सोमवती अमावस्या को मंत्रजप व शुभ कर्मों का फल लाख गुना होता है और इस दिन दरिद्रता मिटाने के लिए तुलसीजी की 108 प्रदक्षिणा भी की जाती हैं। तो आइये, सभी तक यह संदेश पहुंचायें और हम भी इस अवसर का लाभ उठायें।


Friday, 10 July 2020

Guru Purnima - Surabhi Saloni Press Release

ATTITUDE OF GRATITUDE, 

RAISES OUR ALTITUDE.


We are very grateful to our #Gurus for this precious tradition #GuruPurnima.


सनातन धर्म के महापर्व #गुरूपूर्णिमा पर मुंबई की मासिक पत्रिका 'सुरभि सलोनी' में प्रकाशित लेख:

Guru Purnima - 5-July-2020

#गुरुपूर्णिमा - 5 जुलाई 2020


गुरु परम्परा के महान पर्व "गुरुपूर्णिमा" की आप सभी को खूब-खूब बधाई।


पूज्य संतश्री आशारामजी बापू बताते हैं- "दूसरे पूजनों के बाद भी किसी का पूजन रह जाता है परंतु ब्रह्मवेत्ता सद्गुरु के पूजन के बाद और किसी का पूजन शेष नहीं बचता। जिसने ब्रह्मवेत्ता सद्गुरु के बताये हुए (परमात्मप्राप्ति के) कार्य को तत्परता से कर लिया उसके सब काम पूरे हो गये।"


"गुरुपूर्णिमा" हमें आंतरिक- छुपी हुई शक्तियों को जगाने की दिशा देती है और दुर्बल विचारों, घृणा, अशांति के विचारों को दूर करते हुए आत्मविचार की दृष्टि से जीवन जीने की कला भी बताती है।


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Wednesday, 26 December 2018

25 दिसम्बर - तुलसी_पूजन_दिवस

संतश्री आशारामजी बापू आश्रम, हरिद्वार में आज "तुलसी पूजन दिवस" मनाया गया। पूज्य बापूजी द्वारा आरम्भ किये गये इस पर्व को अब केवल भारत में ही नहीं बल्कि विदेशों में भी सराहा जा रहा है। इसका कारण है कि तुलसी के अनेक लाभ। धार्मिक रूप से तो यह अत्यन्त पवित्र है ही परन्तु औषधि रूप से भी बहुत उपयोगी है। इसे "Wonder Drug" भी कहा जाता है। इसका पौधा 24 घंटे ऑक्सीजन देता है व पर्यावरण को शुद्ध रखता है। यदि आज हर जगह तुलसी के पौधे हो जायें तो वातावरण को शुद्ध, सात्विक व पवित्र होने में देर नहीं लगेगी तथा कैंसर जैसे जटिल रोगों का ईलाज भी आसानी से हो जायेगा।







Monday, 9 April 2018

अवतरण दिवस विशेष | Pujya Sant Shri Asharamji Bapu Avataran Diwas Celebrations @ AshramHaridwar

संतश्री आशारामजी बापू आश्रम, हरिद्वार द्वारा अवतरण दिवस कार्यक्रम : प्रभात फेरी, हवन यज्ञ, शरबत वितरण व हर्षोल्लास से आश्रम में झूमते भक्तजन |


Spiritual activities on the occasion of Pujya Asharam BapuJi "82nd Avataran Diwas" at AshramHaridwar

 Prabhat Feri
 Hawan Yagya 
 Sharbat Vitran 
 Video Satsang
 Bhandara


Friday, 6 April 2018

Selfless Service by Disciples at Haridwar #VishwaSevaDiwas

पूज्य संतश्री आशारामजी बापू के अवतरण दिवस के निमित्त हरिद्वार में साधकों द्वारा हरकी पौड़ी, अपर रोड पर गर्मी से त्रस्त यात्रिओं व स्थानीय लोगों को नि:शुल्क पलाश व गुलाब शर्बत पिलाया गया। साथ ही सत्साहित्य भी वितरित किया गया।